पटना : बिहार विधानसभा के मानसून सत्र के दौरान नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव की गैरमौजूदगी को लेकर राजनीतिक बयानबाजी तेज हो गई है। विपक्ष के नेता के सदन में उपस्थित नहीं रहने पर सत्तापक्ष ने सवाल उठाए और इसे लेकर विभिन्न प्रतिक्रियाएं सामने आई हैं।
यूरोप दौरे को लेकर उठे सवाल
तेजस्वी यादव के यूरोप दौरे पर होने की चर्चा के बीच उनके विधानसभा सत्र में शामिल नहीं होने को लेकर विरोधियों ने निशाना साधा। सत्तापक्ष के नेताओं ने इसे जनता के मुद्दों से दूरी बताते हुए उनकी अनुपस्थिति पर सवाल खड़े किए।
‘पार्ट टाइम पॉलिटिशियन’ कहकर साधा निशाना
मानसून सत्र से अनुपस्थित रहने को लेकर तेजस्वी यादव पर राजनीतिक टिप्पणी करते हुए उन्हें ‘पार्ट टाइम पॉलिटिशियन’ कहा गया। आरोप लगाया गया कि महत्वपूर्ण विधानसभा सत्र के दौरान उनकी गैरहाजिरी उचित नहीं है और विपक्ष की भूमिका प्रभावी ढंग से निभाई जानी चाहिए।
सरकार और विपक्ष के बीच बढ़ी बयानबाजी
तेजस्वी यादव की गैरमौजूदगी को लेकर सत्ता पक्ष और विपक्ष के बीच राजनीतिक आरोप-प्रत्यारोप का दौर तेज हो गया है। सत्तारूढ़ दल के नेताओं ने इसे जनता के मुद्दों की अनदेखी बताया, जबकि विपक्ष की ओर से भी अपनी स्थिति स्पष्ट किए जाने की संभावना जताई जा रही है।
मानसून सत्र में कई अहम मुद्दों पर चर्चा
बिहार विधानसभा के मानसून सत्र में राज्य से जुड़े कई महत्वपूर्ण विषयों पर चर्चा हो रही है। ऐसे में नेता प्रतिपक्ष की अनुपस्थिति भी राजनीतिक बहस का प्रमुख मुद्दा बन गई है।