पटना: बिहार में विधानसभा चुनाव से पहले सियासी हलचल तेज हो गई है, और इसी बीच इफ्तार पार्टी का सिलसिला जारी है। सत्ता पक्ष और विपक्ष के नेता लगातार इफ्तार पार्टी आयोजित कर रहे हैं। इस बार, आरजेडी प्रमुख लालू प्रसाद यादव की इफ्तार पार्टी में कांग्रेस नेताओं ने दूरी बनाए रखी, जिसे लेकर जेडीयू ने सवाल उठाए हैं।
लालू यादव की इफ्तार पार्टी में कांग्रेस नेताओं के शामिल न होने पर जेडीयू प्रवक्ता नीरज कुमार ने कहा, “इफ्तार का मजा तब खत्म हो जाता है जब दोस्त इससे दूर रहते हैं। कांग्रेस अब दूर खड़ी है, सारे रिश्ते टूट चुके हैं। लालू प्रसाद ने उन्हें (कांग्रेस) इफ्तार के लिए बुलाया था, लेकिन कांग्रेस आई ही नहीं। न सहयोगी और न रिश्तेदार, कोई भी उनके कर्मों का भागीदार बनने के लिए तैयार नहीं है। उन्होंने जो पाप किया है, इसी कारण सारे साथी उन्हें छोड़ गए। बेटा भी अब दूर खड़ा है और पोस्टर से भी नाम गया।”
बता दें कि सोमवार को आरजेडी के राष्ट्रीय अध्यक्ष और बिहार के पूर्व मुख्यमंत्री लालू प्रसाद यादव ने पटना में इफ्तार पार्टी का आयोजन किया था। इस इफ्तार पार्टी में महागठबंधन के सभी दलों के नेताओं को आमंत्रित किया गया था, लेकिन कांग्रेस के नेताओं ने इसमें हिस्सा नहीं लिया।
लालू यादव की इफ्तार पार्टी का आयोजन उनके करीबी सहयोगी अब्दुल बारी सिद्दीकी के सरकारी आवास पर किया गया, जहां बड़ी संख्या में रोजेदारों, राज्यपाल आरिफ मोहम्मद खान और महागठबंधन के नेताओं ने शिरकत की। इस दौरान लालू यादव, पूर्व मुख्यमंत्री राबड़ी देवी, विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव और अब्दुल बारी सिद्दीकी ने मेहमानों का स्वागत किया।
इसके अलावा, लोजपा (रामविलास) के प्रमुख चिराग पासवान ने भी इफ्तार पार्टी का आयोजन किया, जिसमें राज्यपाल आरिफ मोहम्मद खान सहित सैकड़ों रोजेदार पहुंचे।
इस इफ्तार पार्टी के आयोजन में मुख्यमंत्री नीतीश कुमार, उपमुख्यमंत्री सम्राट चौधरी, पार्टी के सांसद अरुण भारती और कई अन्य प्रमुख नेता शामिल हुए। चिराग पासवान ने अतिथियों का स्वागत चादर और टोपी पहनाकर किया।