भारत और पाकिस्तान के बीच तनाव एक बार फिर चरम पर पहुंच गया है। शनिवार को पाकिस्तान सेना ने सीजफायर का उल्लंघन करते हुए जम्मू-कश्मीर के कई इलाकों में गोलीबारी और ड्रोन हमले किए। आरएस पुरा सेक्टर में पाकिस्तान की फायरिंग में सीमा सुरक्षा बल (BSF) के सब-इंस्पेक्टर मोहम्मद इम्तेयाज शहीद हो गए। यह हमला ऐसे समय हुआ है जब भारत ने आतंकवाद के खिलाफ निर्णायक कार्रवाई की चेतावनी दी है।
सीमा पर फिर से पाकिस्तान की नापाक हरकत
सीजफायर पर सहमति बनने के चंद घंटों बाद ही पाकिस्तानी सेना ने आरएस पुरा सेक्टर में अंधाधुंध फायरिंग और ड्रोन हमले शुरू कर दिए। आसिम मुनीर की अगुवाई वाली पाक सेना की इस हरकत से सीजफायर की विश्वसनीयता पर सवाल खड़े हो गए हैं।
वीरगति को प्राप्त हुए सब-इंस्पेक्टर मोहम्मद इम्तेयाज
BSF ने सब-इंस्पेक्टर मोहम्मद इम्तेयाज को श्रद्धांजलि देते हुए लिखा, “हम भारत माता के वीर सपूत को सलाम करते हैं, जिन्होंने 10 मई को जम्मू के आरएस पुरा में अंतरराष्ट्रीय सीमा पर दुश्मन की गोलीबारी में देश के लिए बलिदान दिया। उन्होंने सीमा चौकी की कमान संभालते हुए असाधारण साहस का परिचय दिया।” उनका अंतिम संस्कार 11 मई को पलौरा स्थित फ्रंटियर हेडक्वार्टर में सैन्य सम्मान के साथ किया जाएगा।
भारत की सख्त चेतावनी
हमले के बाद भारत सरकार ने साफ कर दिया कि यदि भविष्य में कोई आतंकवादी कार्रवाई होती है, तो उसे “युद्ध छेड़ने जैसा कदम” माना जाएगा। भारत ने पाकिस्तान पर आतंकियों को शरण देने और सीमा पार से हमलों को बढ़ावा देने का आरोप लगाया है।
अमेरिका की मध्यस्थता और डीजीएमओ वार्ता
सीजफायर के उल्लंघन के बीच एक सकारात्मक संकेत यह रहा कि अमेरिकी मध्यस्थता के प्रयासों से भारत और पाकिस्तान के डीजीएमओ के बीच बातचीत हुई। दोनों देशों ने सीमा पर शांति बनाए रखने और सीजफायर की शर्तों का पालन करने पर सहमति जताई है, हालांकि जमीन पर स्थिति इसके उलट दिख रही है।