लखनऊ: भारतीय अंतरिक्ष यात्री शुभांशु शुक्ला के 20 दिन की अंतरिक्ष यात्रा के बाद सुरक्षित पृथ्वी पर लौटने की खबर से पूरे देश में हर्ष की लहर दौड़ गई है। उनके माता-पिता ने इस ऐतिहासिक क्षण पर गर्व और भावनाओं से भरे विचार साझा किए।
शुभांशु के पिता शंभू दयाल शुक्ला ने कहा, “मेरे बेटे की अंतरिक्ष यात्रा मेरे परिवार और पूरे देश के लिए गर्व का विषय है। यह सब देशवासियों के आशीर्वाद और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के समर्थन से ही संभव हो पाया है।” उन्होंने बताया कि त्रिवेंद्रम में जब शुभांशु को ‘एस्ट्रोनॉट विंग’ मिला था, तभी उसे गगनयात्री की उपाधि दी गई थी। उस मौके पर प्रधानमंत्री ने भी शुभांशु की सराहना की और आशीर्वाद दिया, जिससे उसका उत्साह और बढ़ गया। “मैं प्रधानमंत्री का दिल से धन्यवाद करता हूं,” उन्होंने कहा।
माता आशा शुक्ला ने भावुक होते हुए कहा, “जब त्रिवेंद्रम में मेरे बेटे को एस्ट्रोनॉट विंग मिला था, उस वक्त हॉल तालियों से गूंज उठा था। सभी की आंखें नम थीं। पिछले चार सालों में शुभांशु ने कठिन प्रशिक्षण लिया और अथक मेहनत की।” उन्होंने गर्व से कहा, “जब प्रधानमंत्री ने उनके नाम की घोषणा की, वह पल मेरे जीवन का सबसे गर्वभरा क्षण था।”
उन्होंने आगे कहा, “अब शुभांशु सिर्फ मेरा बेटा नहीं, बल्कि पूरे देश का बेटा बन गया है। हर मां उसे आशीर्वाद दे रही है। मुझे उस पर बहुत गर्व है।”
गौरतलब है कि एक्सिओम-4 मिशन के तहत शुभांशु शुक्ला समेत चार अंतरिक्ष यात्री 20 दिन के मिशन के बाद पृथ्वी पर लौटे। इस मिशन में शुभांशु ने 60 वैज्ञानिक प्रयोगों में हिस्सा लिया, जिनमें सात इसरो (ISRO) से जुड़े थे। स्पेसएक्स के ड्रैगन स्पेसक्राफ्ट ने 23 घंटे के सफर के बाद कैलिफोर्निया के समुद्र में सुरक्षित लैंडिंग की। स्पेसएक्स ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स (X) पर पुष्टि करते हुए लिखा, “ड्रैगन के सुरक्षित उतरने की पुष्टि हो गई है। पृथ्वी पर आपका स्वागत है!”