बिहार सरकार के राजस्व एवं भूमि सुधार विभाग ने प्रशासनिक पारदर्शिता और सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत करने के लिए बड़ा निर्णय लिया है। विभाग ने राज्य के सभी 537 अंचल कार्यालयों में सीसीटीवी कैमरे लगाने का आदेश जारी किया है। इस संबंध में विभाग के सचिव गोपाल मीणा ने सभी जिलाधिकारियों को पत्र भेजकर आवश्यक निर्देश दिए हैं।
जारी निर्देश के अनुसार, प्रत्येक अंचल कार्यालय में सीसीटीवी कैमरों की खरीद और स्थापना के लिए 1,25,000 रुपये की दर से कुल 6,71,25,000 रुपये की राशि वित्तीय वर्ष 2025-26 के अंतर्गत आवंटित की गई है। यह राशि सीएफएमएस के माध्यम से जारी की गई है और संबंधित कार्यालयों को उपलब्ध करा दी गई है।
पत्र में स्पष्ट किया गया है कि आवंटित धनराशि का उपयोग केवल सीसीटीवी कैमरों की खरीद और अधिष्ठापन के लिए ही किया जाएगा। किसी अन्य कार्य में राशि खर्च करने पर प्रतिबंध रहेगा। साथ ही यह भी निर्देश दिया गया है कि राशि की निकासी इसी वित्तीय वर्ष में सुनिश्चित की जाए। यदि निकासी नहीं होती है और देयता अगले वित्तीय वर्ष में चली जाती है, तो इसकी जिम्मेदारी संबंधित पदाधिकारी की होगी।
विभाग ने सभी जिला समाहर्ताओं से कहा है कि वे अपने-अपने जिलों के अंचल कार्यालयों में शीघ्र कैमरे स्थापित कर विभाग को अनुपालन प्रतिवेदन भेजें। इस कार्य को अत्यावश्यक मानते हुए प्राथमिकता के आधार पर पूरा करने के निर्देश दिए गए हैं। विभाग का मानना है कि इस पहल से अंचल कार्यालयों में कार्यप्रणाली अधिक पारदर्शी, जवाबदेह और सुरक्षित बनेगी।
उपमुख्यमंत्री सह राजस्व एवं भूमि सुधार मंत्री विजय कुमार सिन्हा ने कहा कि राज्य सरकार प्रशासनिक व्यवस्था को जनोन्मुख और पारदर्शी बनाने के लिए प्रतिबद्ध है। सभी अंचल कार्यालयों में सीसीटीवी कैमरे लगाने का निर्णय इसी दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। उन्होंने बताया कि कैमरों की निगरानी के लिए कंट्रोल एंड कमांड सेंटर पटना मुख्यालय में स्थापित किया जाएगा, जिससे सतत मॉनिटरिंग सुनिश्चित की जा सके।
उन्होंने कहा कि सरकार ने इसी वित्तीय वर्ष में कार्य पूर्ण करने का लक्ष्य तय किया है और सभी जिलाधिकारियों को इसे प्राथमिकता के आधार पर शीघ्र पूरा करने के निर्देश दिए गए हैं। सरकार सुशासन, पारदर्शिता और जनविश्वास को सर्वोच्च प्राथमिकता दे रही है, और यह पहल उसी संकल्प का हिस्सा है।