कैंसर मरीज रोशन खातून जब मुंबई से केमो और रेडिशन के बाद मरीज के स्थिति बिगड़ने लगी तब मरीज पंहुचा होमियोपैथी के सरण मे. बगहा के होमियो कैंसर सेवा अस्पताल के कैंसर चिकित्सक ने जताया भरोशा और महज 5 दिनों के इलाज मे ही मरीज का उठ खड़ा होजाना किसी चमत्कार से कम नहीं!
लोगों का कहना है कि ये असंभव सा दिखने वाला चमत्कार होमियोपैथी मे संभव हो सकता है वो भी डॉ पदम भानु सिंह के हाथो से ही! मरीजों का कहना है कि कैंसर के इलाज मे बिहार के डॉक्टर सिंह रीढ़ कि हड्डी कि भाती है!
बताते चले कि मरीज रोशन खातून बच्चेदानी कि कैंसर से जूझ रही थी पहले बिहार उसके बाद मुंबई कैंसर अस्पताल के चिकित्सक के सलाह पर केमो और सेकाई के बाद आताड़ियों मे इन्फेक्शन हुआ तब मरीज कि स्थिति बिगड़ने लगी! सुधार नहीं मिलने पर मरीज को बिहार वापस लाया गया और आर्थिक आभाव और बीमारी की जातिलताओं मे परिवार को 3 लाख रुपये के कर्ज मे आगया!
स्थानीय लोगों के सलाह पर मरीज को होम्योपैथिक अपनाने पर सुझाव दिया गया, फिर एक आशा जगी की सायेद होम्योपैथिक यहाँ वरदान साबित हो!
मरीज को बिहार के पश्चिम चम्पारण जिले के बगहा स्थित होमियो कैंसर सेवा अस्पताल मे कैंसर चिकित्सक डॉ पदम भानु सिंह को दिखाया गया! डॉ सिंह के सलाह पर दवा के सेवन पर मरीज 5 दिनों मे ही मरीज का उलटी बंद, भूख लगना, दर्द मे राहत, ताकत और मरीज का उठकर चलने लगना जैसे चमत्कार होगया! 3 महीने के अंतर पर 2 बार कराया गया तो 18 जनवरी 2026 मे मामूली सूजन के साथ बच्चेदानी के गांठ का नहीं मिलने से मरीज के परिवार मे ख़ुशी का माहौल है!
मरीज का कहना है कि होम्योपैथिक कि दवा मेरे लिए वरदान सावित हुई है इसके सेवन से कोई दूसरी समस्या भी नहीं होती है और मै अपनी बीमारी से बिलकुल ठीक हो गयी हूँ और मेरे डॉक्टर कि उम्र लम्बी हो और मेरे जैसे मरीजों को ठीक करते रहे!