नई दिल्ली: बुधवार को भारत ने अफगानिस्तान की स्थिति को लेकर पाकिस्तान की तीखी आलोचना की। न्यूयॉर्क में संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद (UNSC) की बैठक में भारत के स्थायी प्रतिनिधि हरीश पर्वतनेनी ने अफगानिस्तान में पाकिस्तान द्वारा किए गए कथित हवाई हमलों पर गंभीर आपत्ति जताई।
पर्वतनेनी ने संयुक्त राष्ट्र सहायता मिशन (UNAMA) की चिंता दोहराते हुए कहा कि अफगानिस्तान में महिलाओं, बच्चों और आम नागरिकों पर होने वाले हमले अत्यंत निंदनीय हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि कारोबार और पारगमन के नाम पर आतंकवाद को बढ़ावा दिया जा रहा है, जिसका सीधा खामियाजा अफगानिस्तान के आम लोगों को भुगतना पड़ रहा है।
भारत ने पाकिस्तान को चेतावनी देते हुए कहा कि ऐसे कृत्य WTO और संयुक्त राष्ट्र चार्टर के नियमों का उल्लंघन हैं। प्रतिनिधि ने कहा, “भारत अफगानिस्तान की क्षेत्रीय अखंडता, संप्रभुता और स्वतंत्रता का पूर्ण समर्थन करता है।”
यह बयान ऐसे समय आया है जब हाल के वर्षों में पाकिस्तान-अफगानिस्तान सीमा पर तनाव बढ़ा है। 2021 में तालिबान के अफगानिस्तान पर कब्जे के बाद दोनों देशों के संबंध और जटिल हो गए हैं। अफगानिस्तान ने पाकिस्तान के आरोपों को खारिज करते हुए कहा है कि वह पाकिस्तान की सुरक्षा स्थिति के लिए जिम्मेदार नहीं ठहराया जा सकता।
पर्वतनेनी ने कहा कि भारत हमेशा से अफगानिस्तान में शांति और स्थिरता का समर्थक रहा है। उन्होंने इस मुद्दे पर क्षेत्रीय और वैश्विक सहयोग की जरूरत पर ज़ोर देते हुए कहा कि अफगानिस्तान में विकास, सुरक्षा और शांतिपूर्ण भविष्य सुनिश्चित करने के लिए सभी संबंधित पक्षों की भागीदारी आवश्यक है।