अरवल/किशनगंज: बिहार के अरवल जिले में तैनात पुलिस अधीक्षक (एसपी) डॉ. इमानुल हक मेंगनू के खिलाफ किशनगंज सीजेएम कोर्ट ने गिरफ्तारी वारंट जारी किया है। यह आदेश अधिवक्ता छविलाल सिंह द्वारा दायर एक वाद की सुनवाई के बाद दिया गया, जिसमें वर्ष 2023 में एसपी के पद पर रहते हुए अभद्र व्यवहार और गालीगलौज करने का आरोप लगाया गया था।
क्या है मामला:
वाद के अनुसार, 8 फरवरी 2023 को तत्कालीन किशनगंज एसपी डॉ. मेंगनू ने अधिवक्ता को अपने कार्यालय में बुलाकर कथित तौर पर गाली-गलौज और अपमानजनक व्यवहार किया था। इस घटना के विरोध में 9 फरवरी को अधिवक्ताओं की आमसभा ने प्रस्ताव पारित कर विरोध जताया था। वाद में यह भी आरोप है कि डॉ. मेंगनू पूर्व में भी अन्य अधिवक्ताओं से इसी तरह का व्यवहार कर चुके हैं।
कोर्ट का आदेश:
केस संख्या C-113/2023 की सुनवाई के बाद कोर्ट ने गिरफ्तारी के लिए वारंट जारी करते हुए किशनगंज के वर्तमान एसपी और सदर थानाध्यक्ष को आदेश की तामील सुनिश्चित करने को कहा है। किशनगंज के वर्तमान एसपी सागर कुमार ने कोर्ट आदेश की पुष्टि की है और कहा कि निर्देशानुसार कार्रवाई की जा रही है।
इस मामले में प्रतिक्रिया देते हुए डॉ. इमानुल हक मेंगनू ने कहा, “मुझे इस घटना और वारंट के बारे में कोई जानकारी नहीं है।”
यह मामला राज्य की पुलिस व्यवस्था और अधिकारियों के आचरण पर एक बार फिर सवाल खड़े करता है, खासकर तब जब शिकायतकर्ता खुद न्याय व्यवस्था का हिस्सा—एक अधिवक्ता—हो।