भोजपुर: बिहार के चर्चित भरत तिवारी एनकाउंटर मामले के बीच पुलिस विभाग में बड़ा प्रशासनिक बदलाव हुआ है। मामले में सवालों के घेरे में आए SDPO राजेश शर्मा को नई पोस्टिंग दे दी गई है। यह बदलाव उनके पुराने पद से हटाए जाने के कुछ ही दिनों बाद हुआ है, जिसके बाद पुलिस महकमे में चर्चा तेज हो गई है।
भरत तिवारी मामले में पुलिस कार्रवाई को लेकर विवाद खड़ा हुआ था। इसके बाद संबंधित अधिकारियों की भूमिका की जांच शुरू हुई और कुछ पुलिसकर्मियों के खिलाफ मामला भी दर्ज किया गया था।
भरत तिवारी केस के बाद बदले गए थे SDPO
भोजपुर के भरत तिवारी एनकाउंटर मामले में जगदीशपुर SDPO राजेश शर्मा का नाम जांच के दायरे में आया था। इसके बाद उन्हें पद से हटाकर पुलिस मुख्यालय से अटैच किया गया था। मामले में भरत तिवारी के परिवार की शिकायत के आधार पर पुलिस अधिकारियों के खिलाफ FIR भी दर्ज की गई थी, जिसके बाद यह मामला और चर्चा में आ गया।
7 दिन के अंदर नई जिम्मेदारी
ताजा प्रशासनिक फेरबदल में राजेश शर्मा को नई जिम्मेदारी दी गई है। इसे लेकर राजनीतिक और सामाजिक स्तर पर भी प्रतिक्रियाएं सामने आ रही हैं। वहीं पुलिस विभाग की ओर से तबादलों को प्रशासनिक प्रक्रिया बताया जा रहा है। राज्य में एक साथ कई DSP स्तर के अधिकारियों के स्थानांतरण किए गए हैं।
कई DSP अधिकारियों का हुआ तबादला
बिहार सरकार ने पुलिस प्रशासन में बड़ा फेरबदल करते हुए कई DSP अधिकारियों को इधर से उधर किया है। इसमें कुछ अधिकारियों को फील्ड पोस्टिंग मिली है तो कुछ को अलग-अलग इकाइयों में भेजा गया है। सरकार की ओर से इन बदलावों को प्रशासनिक जरूरत और पुलिस व्यवस्था को बेहतर बनाने से जोड़कर देखा जा रहा है।
क्या है भरत तिवारी एनकाउंटर मामला?
भरत तिवारी एनकाउंटर मामला भोजपुर जिले से जुड़ा है, जिसमें पुलिस कार्रवाई पर सवाल उठे थे। परिवार की शिकायत के बाद पुलिस अधिकारियों की भूमिका की जांच शुरू हुई और FIR दर्ज की गई। मामले में पुलिस का पक्ष और परिवार के आरोप अलग-अलग रहे हैं। अब जांच के आधार पर आगे की कार्रवाई तय होगी।
नई पोस्टिंग पर उठे सवाल
भरत तिवारी मामले से जुड़े अधिकारी को जल्द नई जिम्मेदारी मिलने के बाद विपक्ष और स्थानीय स्तर पर सवाल उठाए जा रहे हैं। लोगों का कहना है कि ऐसे संवेदनशील मामलों में जांच पूरी होने तक अधिकारियों की भूमिका पर नजर रखी जानी चाहिए। वहीं विभाग का कहना है कि तबादले नियमित प्रशासनिक प्रक्रिया का हिस्सा हैं।
भरत तिवारी एनकाउंटर केस के बीच बिहार पुलिस में हुए तबादलों ने एक बार फिर इस मामले को चर्चा में ला दिया है। SDPO राजेश शर्मा को नई जिम्मेदारी मिलने के बाद राजनीतिक बहस भी तेज हो गई है। अब सभी की नजर जांच की प्रगति और आने वाली रिपोर्ट पर है, जिससे मामले की आगे की दिशा साफ होगी।