पटना: बिहार विधानसभा चुनाव की घोषणा हो चुकी है, लेकिन दोनों प्रमुख गठबंधनों – एनडीए और महागठबंधन – में सीट बंटवारे को लेकर अभी भी उलझन बनी हुई है। दोनों पक्षों के नेता भले ही दावा कर रहे हों कि सब कुछ ठीक है, लेकिन सीटों की आधिकारिक घोषणा अब तक नहीं हो पाई है। इस बीच, राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (एनडीए) की सहयोगी पार्टी हिंदुस्तानी आवाम मोर्चा (HAM) के प्रमुख और केंद्रीय मंत्री जीतन राम मांझी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर एक कविता साझा की है, जिसे उनकी पार्टी के लिए 15 सीटों की मांग के रूप में देखा जा रहा है।
मांझी ने एक्स पर लिखा, “हो न्याय अगर तो आधा दो, यदि उसमें भी कोई बाधा हो, तो दे दो केवल 15 ग्राम, रखो अपनी धरती तमाम, ‘हम’ वही खुशी से खाएंगे, परिजन पे असी ना उठाएंगे।” वास्तव में, जीतन राम मांझी पहले से ही अपनी पार्टी के लिए सम्मानजनक संख्या में सीटों की मांग करते आ रहे हैं। इस कविता के माध्यम से उन्होंने स्पष्ट रूप से 15 सीटों की ओर इशारा किया है। इससे पहले, बिहार चुनाव प्रभारी धर्मेंद्र प्रधान, विनोद तावड़े और उपमुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने मांझी से मुलाकात की थी, जिसमें कथित तौर पर सीट बंटवारे पर ही चर्चा हुई थी।
दूसरी ओर, एनडीए की एक अन्य सहयोगी लोजपा (रामविलास) के नेता चिराग पासवान ने भी एक्स पर अप्रत्यक्ष रूप से अपनी स्थिति जाहिर की। उन्होंने अपने पिता रामविलास पासवान के कथनों का हवाला देते हुए लिखा, “पापा हमेशा कहा करते थे – ‘जुर्म करो मत, जुर्म सहो मत। जीना है तो मरना सीखो, कदम-कदम पर लड़ना सीखो।’” यह पोस्ट भी सीट बंटवारे को लेकर उनकी दृढ़ता को दर्शाती प्रतीत हो रही है।
बता दें कि चुनाव आयोग ने छठ पूजा के बाद बिहार चुनाव की तारीखें निर्धारित की हैं। पहले चरण का मतदान 6 नवंबर को होगा, जबकि दूसरे चरण में 11 नवंबर को वोटिंग होगी। मतगणना 14 नवंबर को की जाएगी। इससे पूर्व, चुनाव आयोग की टीम के साथ बैठक में जदयू, राजद समेत कई दलों ने छठ पूजा के बाद ही तारीखें तय करने का आग्रह किया था, जिसे स्वीकार कर लिया गया है। सीट बंटवारे की प्रक्रिया जल्द ही स्पष्ट होने की उम्मीद है।