पटना, 5 अप्रैल 2026: बिहार सर्वोदयी मंडल की कार्य समिति की बैठक गांधी स्मारक निधि, पटना में प्रदेश अध्यक्ष चंद्र भूषण की अध्यक्षता में संपन्न हुई। इस बैठक में पटना, भोजपुर, मुंगेर, भागलपुर, जहानाबाद, शिवहर, अररिया, वैशाली, रोहतास और मुजफ्फरपुर सहित विभिन्न जिलों से कुल 34 कार्यकर्ताओं ने भाग लेकर अपने विचार रखे।
बैठक को संबोधित करते हुए अधिवक्ता मुनीश ओम प्रकाश सिंह ने कहा कि सरकार को भूदान किसानों को पंचायत स्तर पर जमीन पर दखल दिलाने की दिशा में ठोस पहल करनी चाहिए। वहीं, प्रदेश अध्यक्ष चंद्र भूषण ने वैश्विक परिदृश्य पर चिंता जताते हुए कहा कि वर्तमान समय में पूरी दुनिया अशांति के दौर से गुजर रही है। रूस-यूक्रेन युद्ध और अमेरिका, इजरायल, ईरान जैसे देशों के बीच तनाव के कारण एशिया में अस्थिरता बढ़ी है।
उन्होंने कहा कि इसका प्रभाव भारत पर भी पड़ रहा है, जहां ईंधन संकट गहराने की आशंका है और पेट्रोल-डीजल के दामों में भारी वृद्धि हो सकती है, जिससे महंगाई बढ़ेगी और किसानों के सामने नई चुनौतियां खड़ी होंगी।
बैठक में बिहार सरकार से कई महत्वपूर्ण मांगें की गईं, जिनमें प्रमुख रूप से बिहार भूदान यज्ञ समिति का अविलंब पुनर्गठन, भूदान किसानों की जमीन की ऑनलाइन जमाबंदी सुनिश्चित करना, सभी किसानों का कर्ज माफ करना तथा राज्य की बंद पड़ी 28 चीनी मिलों को पुनः चालू करना शामिल है।
इसके अलावा खादी एवं ग्रामोद्योग से जुड़ी संस्थाओं के कर्ज माफी, खादी वस्त्रों को जीएसटी से मुक्त करने, खादी प्रमाणपत्र समिति के नियमों को बहाल करने, खादी विद्यालयों को पुनः संचालित करने तथा खादी मॉल के स्थान पर खादी हाट के निर्माण की भी मांग उठाई गई।
बैठक में यह भी प्रस्ताव रखा गया कि बिहार में महात्मा गांधी के आगमन से जुड़े सभी स्थलों को धरोहर घोषित किया जाए।
कार्यक्रम के अंत में नारायण भाई और बाल विजय भाई के निधन पर दो मिनट का मौन रखकर श्रद्धांजलि अर्पित की गई।
इस बैठक में रामनाथ ठाकुर, शंभू प्रसाद वर्मा, इतवारी टुडू, संतोष सोरेन, रसिक लाल मुर्मू, सकलदेव हेमब्रम, रामजी मुर्मू, क्रांति बहन, राजेश कुमार, राजनीति सिंह, यशवंत सिंह, श्याम विनय सिंह, डॉ. कुश सिंह, सुमित कुमार, मंगल कुमार, सुभाष यदुवंशी, ऊषा जी, नारायण भाई सहित कई कार्यकर्ताओं ने भाग लिया और अपने विचार साझा किए।
— सुमित कुमार, कार्यालय प्रभारी