पटना जिला प्रशासन की ओर से सभी सरकारी स्वास्थ्य संस्थानों में औचक निरीक्षण अभियान चलाया जा रहा है। अस्पताल परिसरों में अवैध गतिविधियों पर रोक लगाने के उद्देश्य से यह कार्रवाई की जा रही है। इसी क्रम में बुधवार को फ्लाइंग स्क्वायड ने पीएमसीएच और एनएमसीएच का औचक निरीक्षण किया था, जहां एक दलाल को पकड़ा गया, जबकि मरीजों और उनके परिजनों से अवैध रूप से पैसे लेते पाए जाने पर एक सफाई कर्मी को तत्काल सेवा से बर्खास्त कर दिया गया था।
गुरुवार को एक बार फिर पटना सिटी के आलमगंज थाना क्षेत्र स्थित एनएमसीएच अस्पताल परिसर में छापेमारी की गई। इस दौरान अवैध गतिविधियों में संलिप्त दो दलालों को पुलिस ने गिरफ्तार किया। गिरफ्तार आरोपियों की पहचान पटना सिटी के बाइपास थाना क्षेत्र के बेगमपुर निवासी अशोक यादव के पुत्र दीपक कुमार और आलमगंज थाना क्षेत्र के बजरंग पाटलिग्राम निवासी मंजे लाल सिंह के पुत्र चुन्नू कुमार के रूप में हुई है।
छापेमारी के बाद तलाशी के दौरान दीपक कुमार के पास से जनता मेडिकल हॉल की एक पर्ची बरामद की गई, जबकि चुन्नू कुमार के पास से वैक्सो वेन स्टराइल हाइपोडर्मिक सिरिंज (फॉर सिंगल यूज) और रक्त संग्रह के बाद इस्तेमाल होने वाले चिपकने वाले स्वाब कुल 103 पीस बरामद किए गए। सभी सामानों को विधिवत जब्त कर लिया गया है।
इस मामले में आलमगंज थाना कांड संख्या 110/26, दिनांक 04.02.2026 के तहत धारा 318(4)/316(2)/308(3)/351(2) में प्राथमिकी दर्ज कर ली गई है और गिरफ्तार आरोपियों के विरुद्ध आगे की कानूनी कार्रवाई की जा रही है।
स्वास्थ्य विभाग को लगातार ऐसी सूचनाएं मिल रही हैं कि सरकारी स्वास्थ्य संस्थानों में निजी नर्सिंग होम, निजी जांच घर, एक्स-रे सेंटर और मेडिकल दुकानों से जुड़े कर्मी मरीजों को बहला-फुसलाकर निजी संस्थानों में इलाज, जांच और दवा खरीदने के लिए भेज रहे हैं। इस पर सख्ती से रोक लगाने के लिए सभी जिलों के जिला पदाधिकारियों को निर्देश दिया गया है कि सभी सरकारी स्वास्थ्य संस्थानों और सरकारी मेडिकल कॉलेजों में नियमित निरीक्षण के लिए विशेष दल का गठन किया जाए।