पटना: पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव में भारतीय जनता पार्टी (BJP) ने पहली बार सत्ता हासिल करते हुए 206 सीटों पर जीत दर्ज कर इतिहास रच दिया है, जबकि सत्तारूढ़ तृणमूल कांग्रेस (TMC) 81 सीटों पर सिमट गई। इस जीत के बाद बीजेपी खेमे में जश्न का माहौल है।
इधर, बिहार विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव ने इस परिणाम पर तीखी प्रतिक्रिया दी है। उन्होंने कहा कि यह जीत “तंत्र-मंत्र और षड्यंत्र” का परिणाम है और इसकी सच्चाई जल्द सामने आएगी। उन्होंने चुनाव आयोग की निष्पक्षता पर सवाल उठाते हुए कहा कि जब “अंपायर ही बेईमान हो जाए तो निष्पक्ष चुनाव की उम्मीद कैसे की जा सकती है।”
तेजस्वी यादव ने आरोप लगाया कि बीजेपी ने सरकारी मशीनरी और पूरे सिस्टम का फायदा उठाया है। साथ ही उन्होंने बताया कि आरजेडी ने केरल में पहली बार तीन सीटों पर चुनाव लड़ा, जिसमें एक सीट पर जीत हासिल हुई है।
निशांत कुमार के मंत्री बनने के सवाल पर उन्होंने कहा कि इससे कोई फर्क नहीं पड़ता और अब उन पर परिवारवाद का आरोप नहीं लगाया जा सकता। उन्होंने बिहार सरकार पर निशाना साधते हुए कहा कि पिछले सात महीनों में सरकार ठीक से काम नहीं कर पाई है, खजाना खाली है और अपराधियों के हौसले बुलंद हैं।
एनकाउंटर को लेकर भी उन्होंने गंभीर आरोप लगाए। उनका कहना है कि “जांच के नाम पर फर्जी एनकाउंटर कराए जा रहे हैं और विपक्ष को बदनाम किया जा रहा है।” उन्होंने यह भी कहा कि बिहार, बंगाल और तमिलनाडु जैसे राज्यों में चुनावी प्रक्रिया पर सवाल खड़े हो रहे हैं।
इसके अलावा तेजस्वी यादव ने बिहार में गिरते पुलों, कानून-व्यवस्था की स्थिति और विकास कार्यों को लेकर भी सरकार पर निशाना साधा। उनका आरोप है कि सरकार असली मुद्दों से ध्यान भटकाने के लिए “बुलडोजर राजनीति” कर रही है। अंत में उन्होंने कहा कि उनकी पार्टी हर परिस्थिति में संघर्ष जारी रखेगी।