रुद्राक्ष को बहुत ही शुभ और फलदायी माना गया है। इसके बारे में यह कहा जाता है कि इसे धारण करने से व्यक्ति को सभी कष्टों से मुक्ति मिलती है और जीवन में समृद्धि आती है। लेकिन अक्सर लोगों के मन में सवाल उठता है कि क्या महिलाएं रुद्राक्ष पहन सकती हैं?
भगवान शिव को प्रिय है रुद्राक्ष
शिव पुराण के अनुसार, रुद्राक्ष भगवान शिव की प्रिय वस्तु है। बेलपत्र, धतूरा, सर्प के साथ रुद्राक्ष भी भगवान शिव को अत्यंत प्रिय है। पुरानी कथाओं में कहा गया है कि रुद्राक्ष भगवान शिव की आंख से गिरा एक आंसू है, जो धरती पर आकर हमारे सभी कष्टों को दूर करता है।
रुद्राक्ष कैसे होता है?
रुद्राक्ष का पेड़ एक कठोर तने वाला वृक्ष होता है, जिसमें सफेद रंग के फूल लगते हैं। इसके फल की शुरुआत हरे रंग से होती है, फिर पकने पर यह नीला और सूखने के बाद काले रंग का हो जाता है। इस काले फल की गुठली ही रुद्राक्ष होती है, जिसकी धारियां यह बताती हैं कि वह किस प्रकार का रुद्राक्ष है।
कितने प्रकार के होते हैं रुद्राक्ष?
रुद्राक्ष पर एक से लेकर चौदह धारियां होती हैं, और इन्हीं धारियों के आधार पर रुद्राक्ष का नामकरण होता है। जैसे एक धारी वाले रुद्राक्ष को ‘एकमुखी’, दो धारी वाले को ‘दोमुखी’ और पांच धारी वाले को ‘पंचमुखी’ कहा जाता है।
क्या महिलाएं रुद्राक्ष पहन सकती हैं?
सामान्यतः महिलाओं को रुद्राक्ष पहनते हुए कम ही देखा जाता है, क्योंकि इसे विशेष रूप से साध्वी महिलाएं ही पहनती हैं। हालांकि, शास्त्रों के अनुसार, महिलाएं भी रुद्राक्ष धारण कर सकती हैं और उनके लिए यह बहुत लाभकारी होता है।
रुद्राक्ष पहनने के नियम
महिलाओं को रुद्राक्ष पहनते समय कुछ खास नियमों का पालन करना चाहिए। खासकर शुद्धता का ध्यान रखना जरूरी है। उदाहरण के तौर पर, मासिक चक्र के दौरान रुद्राक्ष की माला को उतार देना चाहिए और फिर शुद्ध करके दुबारा पहनना चाहिए।
महिलाओं के लिए कौन-सा रुद्राक्ष शुभ है?
ज्योतिष शास्त्र के अनुसार महिलाओं के लिए एकमुखी, दोमुखी और तीनमुखी रुद्राक्ष अधिक शुभ होते हैं। अगर कोई महिला रुद्राक्ष पहनना चाहती है, तो उसे यह अपने बाएं हाथ में पहनना चाहिए, क्योंकि यह हाथ में ऊर्जा का संतुलन बनाए रखता है।
रुद्राक्ष धारण करने की विधि
रुद्राक्ष को धारण करने से पहले उसे भगवान शिव के समक्ष अर्पित करें और कुछ समय वहीं रखने दें। इसके बाद 11 बार “ओम नमः शिवाय” मंत्र का जाप करें और फिर रुद्राक्ष धारण करें। लेकिन ध्यान रखें कि रुद्राक्ष धारण करने से पहले किसी विशेषज्ञ की सलाह जरूर लें, क्योंकि यह राशि और समय के हिसाब से पहनना शुभ माना जाता है।
डिस्क्लेमर:
यहां दी गई सभी जानकारी सामाजिक और धार्मिक आस्थाओं पर आधारित है। कृपया इसे अपनाने से पहले किसी योग्य एक्सपर्ट की सलाह जरूर लें।