पटना के गांधी मैदान में दशहरा महोत्सव की तैयारियां अपने अंतिम चरण में हैं। इस बार 80 फीट ऊंचे रावण के पुतले का दहन होगा, जो पटना में पहली बार इतना विशाल होगा। इसके साथ ही मेघनाद का 75 फीट और कुंभकरण का 70 फीट ऊंचा पुतला तैयार किया जा रहा है। बारिश की संभावना को ध्यान में रखते हुए इन पुतलों पर क्लियर वार्निश की परत चढ़ाई गई है, ताकि पानी से कोई नुकसान न हो।
दक्षिण भारतीय शैली में बन रहे पुतले
आगरा से आए कलाकार इस बार पुतलों को दक्षिण भारतीय शैली में बना रहे हैं। रावण दहन के लिए 35 लाख रुपये का बजट निर्धारित किया गया है, जिसमें 5 लाख रुपये की आतिशबाजी शामिल है। दशहरा कमेटी ट्रस्ट के अध्यक्ष अरुण कुमार ने बताया कि 80 फीट का रावण पहली बार पटना में आकर्षण का केंद्र होगा। आतिशबाजी भी खास होगी, जिसमें रावण का पुतला धीरे-धीरे जलेगा, जिससे दर्शकों को रोमांचक अनुभव मिलेगा।
शोभायात्रा और सांस्कृतिक आयोजन
कमेटी के चेयरमैन कमल नोपानी ने बताया कि 2 अक्टूबर को गांधी मैदान में रावण वध का आयोजन होगा। अशोक वाटिका और लंका का विशेष सेट भी तैयार किया जा रहा है। दोपहर 3:15 बजे नागा बाबा ठाकुरबाड़ी से शोभायात्रा शुरू होगी, जो मौर्या होटल होते हुए गांधी मैदान पहुंचेगी। वहां रथ की आरती और सांस्कृतिक कार्यक्रम आयोजित होंगे।
हेलिकॉप्टर से श्रीराम के आगमन की योजना
संयोजक मुकेश कुमार नंदन ने बताया कि इस बार प्रभु श्रीराम के हेलिकॉप्टर से आगमन की योजना पर विचार किया जा रहा है। इसके लिए प्रशासन को प्रस्ताव भेजा गया है, लेकिन अभी अंतिम मंजूरी का इंतजार है। कार्यक्रम के अनुसार, 2 अक्टूबर को शाम 4:30 बजे मुख्यमंत्री और 4:40 बजे राज्यपाल गांधी मैदान पहुंचेंगे। शाम 5:00 बजे शोभायात्रा मैदान में प्रवेश करेगी। इसके बाद भगवान राम की आरती, अशोक वाटिका में सीता को संदेश, लंका दहन और क्रमशः मेघनाद, कुंभकरण व 5:45 बजे 80 फीट ऊंचे रावण का दहन शानदार आतिशबाजी के साथ होगा।