मुजफ्फरपुर: बिहार नगरपालिका (संशोधन) अधिनियम, 2026 के प्रभावी क्रियान्वयन को लेकर जिला प्रशासन पूरी तरह सक्रिय हो गया है। जिले के नगर निगम, नगर परिषद और नगर पंचायतों में सशक्त स्थायी समिति के रिक्त पदों को भरने के लिए चुनाव की तिथियों की घोषणा कर दी गई है।
जिला निर्वाचन पदाधिकारी (नगरपालिका) सह जिलाधिकारी सुब्रत कुमार सेन ने उच्च स्तरीय बैठक कर अधिकारियों को चुनाव स्वतंत्र, निष्पक्ष और शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न कराने के निर्देश दिए हैं।
चुनाव कार्यक्रम और मतदान स्थल
निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार 17 और 18 अप्रैल को मतदान कराया जाएगा।
17 अप्रैल को नगर परिषद मोतीपुर, कांटी, साहेबगंज तथा नगर पंचायत मुरौल और कुढ़नी में वोटिंग होगी।
18 अप्रैल को नगर पंचायत सकरा, माधोपुर सुस्ता, बरूराज, मीनापुर, सरैया और मुजफ्फरपुर नगर निगम में मतदान कराया जाएगा। नगर निगम के 7 पदों के लिए जिला सभागार को मतदान केंद्र बनाया गया है, जबकि अन्य निकायों के लिए संबंधित प्रखंड सभागारों में वोटिंग होगी।
चुनाव प्रक्रिया के लिए अहम निर्देश
प्रशासन ने चुनाव को पारदर्शी और विवादरहित बनाने के लिए स्पष्ट दिशा-निर्देश जारी किए हैं। किसी भी वार्ड पार्षद को एक से अधिक पदों के लिए नामांकन करने की अनुमति नहीं होगी। यदि ऐसा होता है तो न्यूनतम क्रमांक वाले पद के लिए ही नामांकन मान्य किया जाएगा। प्रत्येक रिक्त पद के लिए अलग-अलग मतदान होगा और पार्षदों को हर पद के लिए वोट देने का अधिकार रहेगा।
शपथ और नई समिति का गठन
मतगणना के तुरंत बाद विजयी उम्मीदवारों को प्रमाण पत्र सौंपा जाएगा और बिहार नगरपालिका अधिनियम, 2007 की धारा 24 के तहत गोपनीयता की शपथ दिलाई जाएगी। नई समिति के शपथ ग्रहण के साथ ही पूर्व में मनोनीत सशक्त स्थायी समिति स्वतः भंग हो जाएगी और नवनिर्वाचित समिति कार्यभार संभाल लेगी।
सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम
विधि-व्यवस्था बनाए रखने के लिए अनुमंडल पदाधिकारियों को पर्याप्त संख्या में दंडाधिकारियों और पुलिस बल की तैनाती के निर्देश दिए गए हैं। प्रत्येक मतदान केंद्र पर एक-एक प्रेक्षक नियुक्त किया गया है, जो पूरी प्रक्रिया की निगरानी करेंगे।
साथ ही, सहायक निर्वाची पदाधिकारी के रूप में वरीय प्रशासनिक अधिकारियों को तैनात किया गया है, जबकि प्रखंड विकास पदाधिकारी सहयोगी भूमिका में रहेंगे। डीएम सुब्रत कुमार सेन ने स्पष्ट चेतावनी दी है कि निर्वाचन कार्य में किसी भी तरह की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। प्रशासन का लक्ष्य शांतिपूर्ण और पारदर्शी तरीके से चुनाव संपन्न कराना है।