पटना: पटना हाईकोर्ट के एक हालिया फैसले को लेकर सुप्रीम कोर्ट ने अहम टिप्पणी की है। शीर्ष अदालत ने कहा कि यौन अपराधों से जुड़े मामलों की सुनवाई करते समय न्यायाधीशों को न्यायिक संवेदनशीलता के साथ-साथ सुप्रीम कोर्ट के पूर्व फैसलों और निर्धारित दिशा-निर्देशों का भी अध्ययन करना चाहिए। क्या था पटना हाईकोर्ट का फैसला? पटना हाईकोर्ट ने 9 जुलाई को दिए गए एक फैसले में कहा था कि किसी महिला की सलवार उतारने का प्रयास करना और उसकी छाती दबाना, उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर हर मामले में दुष्कर्म…
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Fodder Scam Case: चारा घोटाला मामले में लालू यादव को सुप्रीम कोर्ट से बड़ी राहत, जमानत बरकरार; हाईकोर्ट को छह महीने में सुनवाई पूरी करने का निर्देश
पटना: राष्ट्रीय जनता दल (RJD) प्रमुख और बिहार के पूर्व मुख्यमंत्री लालू प्रसाद यादव को चारा घोटाला मामले में सुप्रीम कोर्ट से बड़ी राहत मिली है। शीर्ष अदालत ने झारखंड हाईकोर्ट द्वारा दी गई जमानत को बरकरार रखते हुए उसे रद्द करने से इनकार कर दिया। साथ ही हाईकोर्ट को लंबित आपराधिक अपीलों की सुनवाई छह महीने के भीतर पूरी करने का निर्देश दिया है। CBI की याचिका खारिज केंद्रीय अन्वेषण ब्यूरो (CBI) ने देवघर कोषागार से जुड़े चारा घोटाला मामले में लालू यादव को मिली जमानत को चुनौती दी…
Read Moreगोहत्या विवाद से गरमाई राजनीति: विजय सरकार के फैसले पर विपक्ष हमलावर, राहुल गांधी और कांग्रेस भी बहस के केंद्र में
चेन्नई: तमिलनाडु में गोहत्या पर मद्रास हाई कोर्ट के आदेश को चुनौती देने के लिए राज्य सरकार के सुप्रीम कोर्ट पहुंचने के बाद राजनीतिक बहस तेज हो गई है। मुख्यमंत्री विजय के नेतृत्व वाली सरकार के इस फैसले को लेकर विपक्ष लगातार सवाल उठा रहा है। इस मुद्दे पर कांग्रेस और राहुल गांधी की भूमिका को लेकर भी राजनीतिक बयानबाजी शुरू हो गई है। क्या है पूरा मामला? हाल ही में मद्रास हाई कोर्ट ने राज्य में गाय और बछड़ों के वध पर सख्त रोक लगाने से जुड़ा आदेश दिया था।…
Read Moreसुप्रीम कोर्ट का बड़ा फैसला: सहमति से किया गया सेक्स वर्क गैरकानूनी नहीं, पुलिस नहीं कर सकती कार्रवाई
नई दिल्ली: सुप्रीम कोर्ट ने इमोरल ट्रैफिक (प्रिवेंशन) एक्ट (ITPA) की व्याख्या करते हुए कहा है कि अपनी मर्जी से सेक्स वर्क करने वाले वयस्कों के खिलाफ पुलिस कार्रवाई नहीं कर सकती, क्योंकि स्वैच्छिक सेक्स वर्क खुद में अवैध नहीं है। हालांकि, अदालत ने साफ किया कि वेश्यालय चलाना या संचालित करना कानूनन अपराध है। जस्टिस जेबी पारदीवाला और जस्टिस आर. महादेवन की पीठ ने कहा कि पुलिस को अपनी इच्छा से सेक्स वर्क करने वाले वयस्कों को परेशान नहीं करना चाहिए और रेड के दौरान मिले स्वैच्छिक सेक्स वर्कर्स…
Read Moreबिहार वोटर लिस्ट SIR पर सुप्रीम कोर्ट का बड़ा फैसला, संदिग्ध नागरिकों की सूची 4 हफ्ते में गृह मंत्रालय को भेजने का निर्देश
नई दिल्ली: बिहार की वोटर लिस्ट के स्पेशल इंटेंसिव रिवीजन (SIR) को सही ठहराते हुए सुप्रीम कोर्ट ने चुनाव आयोग को बड़ा निर्देश दिया है। अदालत ने कहा है कि जिन लोगों के नाम संदिग्ध नागरिकता के आधार पर वोटर लिस्ट से हटाए गए हैं, उनकी सूची चार सप्ताह के भीतर गृह मंत्रालय को भेजी जाए, ताकि नागरिकता अधिनियम 1955 के तहत आगे की कार्रवाई की जा सके। चुनाव आयोग को सुप्रीम कोर्ट के अहम निर्देश सुप्रीम कोर्ट ने अपने आदेश में कहा कि: संदिग्ध नागरिकता के आधार पर हटाए…
Read Moreबिहार SIR पर सुप्रीम कोर्ट की मुहर: EC का फैसला वैध, कहा- RPA कानून के अनुरूप है प्रक्रिया
नई दिल्ली: सुप्रीम कोर्ट ने बुधवार (27 मई 2026) को बिहार में चल रहे मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) अभियान को बरकरार रखते हुए कहा कि यह प्रक्रिया जनप्रतिनिधित्व अधिनियम (Representation of the People Act) और 1960 के नियमों के अनुरूप है। अदालत ने साफ कहा कि केवल प्रक्रियात्मक नियमों का पूरी तरह पालन न होने के आधार पर SIR को अवैध नहीं ठहराया जा सकता। सुप्रीम Court के अनुसार, चुनाव आयोग (EC) का SIR कराने का फैसला उसके वैधानिक अधिकार क्षेत्र के भीतर है और इसका उद्देश्य…
Read Moreदहेज उत्पीड़न मामलों पर सुप्रीम कोर्ट सख्त, कहा- बिना ठोस सबूत ससुराल वालों पर मुकदमा नहीं
रिपोर्ट: स्निग्धा श्रीवास्तव नई दिल्ली: Supreme Court of India ने घरेलू हिंसा और दहेज उत्पीड़न से जुड़े मामलों में एक अहम फैसला सुनाते हुए कहा है कि केवल आरोपों और सामान्य दावों के आधार पर पति के रिश्तेदारों के खिलाफ मुकदमा नहीं चलाया जा सकता। अदालत ने स्पष्ट किया कि ससुराल पक्ष को आरोपी बनाने के लिए ठोस और विश्वसनीय सबूत होना जरूरी है। जस्टिस संजय करोल और जस्टिस नोंगमेइकापम कोटिश्वर सिंह की बेंच ने इसी के साथ ससुराल वालों के खिलाफ दर्ज दहेज उत्पीड़न और आईपीसी की धारा 498ए…
Read Moreभोजशाला विवाद पहुंचा सुप्रीम कोर्ट, मुस्लिम पक्ष ने हाई कोर्ट के फैसले को दी चुनौती
नई दिल्ली: मध्य प्रदेश के धार स्थित भोजशाला परिसर को हिंदू मंदिर मानने और हिंदू समुदाय को विशेष पूजा अधिकार देने वाले मध्य प्रदेश हाई कोर्ट के फैसले को मुस्लिम पक्ष ने सुप्रीम कोर्ट में चुनौती दी है। सुप्रीम कोर्ट की आधिकारिक वेबसाइट के अनुसार, काजी मोइनुद्दीन की ओर से विशेष अनुमति याचिका (SLP) दायर की गई है। यह मामला डायरी नंबर 32281/2026 के रूप में दर्ज है और फिलहाल लंबित है। याचिका में हाई कोर्ट की इंदौर पीठ के 15 मई को दिए गए उस फैसले को चुनौती दी…
Read Moreजातिगत जनगणना पर रोक से सुप्रीम कोर्ट का इनकार, कहा- यह सरकार का नीतिगत फैसला
नई दिल्ली। देश में जातिगत जनगणना को लेकर चल रही बहस के बीच Supreme Court of India ने बुधवार को अहम फैसला सुनाते हुए इस पर रोक लगाने की मांग वाली याचिका खारिज कर दी। शीर्ष अदालत ने स्पष्ट कहा कि जातिगत जनगणना कराना या नहीं कराना पूरी तरह सरकार का नीतिगत मामला है और न्यायपालिका इसमें हस्तक्षेप नहीं कर सकती। इस मामले की सुनवाई चीफ जस्टिस Surya Kant, जस्टिस Joymalya Bagchi और जस्टिस Vipul M. Pancholi की संयुक्त पीठ ने की। सुनवाई के दौरान अदालत ने कहा कि सरकार…
Read MoreNEET-UG पेपर लीक मामला सुप्रीम कोर्ट पहुंचा, NTA को हटाने और दोबारा परीक्षा कराने की मांग
नई दिल्ली : नीट-यूजी 2026 प्रश्नपत्र लीक मामला अब सुप्रीम कोर्ट तक पहुंच गया है। इस मामले में दायर याचिका में राष्ट्रीय परीक्षा एजेंसी (NTA) को हटाकर नई स्वतंत्र संस्था गठित करने की मांग की गई है। साथ ही केंद्रीय अन्वेषण ब्यूरो (CBI) से चार सप्ताह के भीतर जांच की स्थिति रिपोर्ट पेश करने की अपील भी की गई है। यह याचिका फेडरेशन ऑफ ऑल इंडिया मेडिकल एसोसिएशन (FAIMA) की ओर से दाखिल की गई है। याचिका में एनटीए में व्यापक सुधार करने और सुप्रीम कोर्ट की निगरानी में नीट-यूजी…
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